अयातुल्ला खामेनेई की मौत पर मुस्लिम धर्मगुरु की अपील, सभी देश जंग रुकवाने में करें मदद
लखनऊ, 1 मार्च (आईएएनएस)। अमेरिका और इजरायल के ईरान पर किए गए संयुक्त हमले में वहां के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई की मौत हो गई है। इसके बाद ईरान भी जवाबी कार्रवाई कर रहा है। इस बीच भारत में रहने वाले मुस्लिम धर्मगुरुओं ने मांग की है कि रमजान के इस पाक महीने में सभी देशों को सामने आकर इस जंग को रुकवाने में सहयोग करना चाहिए।
लखनऊ इस्लामिक सेंटर के चेयरमैन मौलाना खालिद रशीद फिरंगी महली ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि ईरान पर जिस तरह से हमला किया गया, वह बहुत चिंता की बात है।
उन्होंने कहा कि ईरान एक आजाद देश है और इजरायल और अमेरिका के हमले ने सभी अंतरराष्ट्रीय कानूनों को तोड़ा है और बहुत ज्यादा क्रूरता दिखाई है। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई के पास अपने देश की रक्षा करने का पूरा हक और अधिकार था, उनकी हत्या की हम कड़ी निंदा करते हैं।
हमारा मानना है कि यूनाइटेड नेशंस समेत इंटरनेशनल कम्युनिटी को इस मामले में दखल देना चाहिए ताकि इस जंग को तुरंत रोका जा सके। अयातुल्ला खामेनेई पर हमले के लिए जो लोग भी जिम्मेदार हैं, उनके खिलाफ अंतरराष्ट्रीय कोर्ट में केस चलाया जाना चाहिए। मेरी सबसे अपील है कि अपने देश में अमन कायम रखें। सभी देशों को आगे आकर तुरंत इस जंग को रुकवाना चाहिए। रमजान के पाक महीने में इस जंग को शुरू किया गया है, हम इसकी घोर निंदा करते हैं।
ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ के जनरल सेक्रेटरी मौलाना यासूब अब्बास ने आईएएनएस से बातचीत में कहा कि ईरान से यह बहुत दुखद खबर है कि अयातुल्ला अली खामेनेई इजरायल और यूएस की जॉइंट स्ट्राइक में मारे गए हैं। ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड ने तीन दिन के शोक का ऐलान किया है। ईरान की तरफ से भरपूर तरीके से जवाब दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इजरायल के खिलाफ विरोध दर्ज कराया जाएगा। पुतले जलाए जाएंगे। मैं आम लोगों से अपील करूंगा कि एक इंसान दूसरे इंसान की मदद करे। इस दुख की घड़ी में ईरान के साथ की जरूरत है।
--आईएएनएस
डीकेएम/वीसी

